“ज़िंदगी रीस्टार्ट: कल को पीछे छोड़ने का असली फ़ॉर्मूला” cover art

“ज़िंदगी रीस्टार्ट: कल को पीछे छोड़ने का असली फ़ॉर्मूला”

“ज़िंदगी रीस्टार्ट: कल को पीछे छोड़ने का असली फ़ॉर्मूला”

Listen for free

View show details

Summary

कभी-कभी इंसान अपनी ज़िंदगी में इतना वज़न उठा लेता है कि चलना मुश्किल हो जाता है,

भूली-बिसरी बातें, पुराने ग़म, गलत फैसले, टूटे रिश्ते, और वो पछतावे… जो आज भी दिल में चुभते हैं।


लेकिन सच ये है कि ज़िंदगी आगे बढ़ती है… पीछे नहीं।

और अगर आप बार-बार कल में ही अटके रहेंगे, तो आज आपको कभी पूरी तरह नहीं मिलेगा।

adbl_web_anon_alc_button_suppression_c
No reviews yet